सज्जन
अंगीकृतं सुकृतिनो मुद्रण ई-मेल

अंगीकृतं सुकृतिनो न परित्यजन्ति ।
अच्छे लोग स्वीकार किये कार्य का त्याग नहीं करते ।

 
ब्रुवते हि फ़लेन मुद्रण ई-मेल

ब्रुवते हि फ़लेन साधवो न तु कण्ठेन निजोपयोगिताम् ।
अच्छे लोग अपनी उपयुक्तता, किये हुए कर्म से बताते हैं, नहीं कि बोलकर ।

 
संभवितस्य चाकीर्ति मुद्रण ई-मेल

संभवितस्य चाकीर्ति र्मरणादतिरिच्यते ।
संभावित मानव को अकीर्ति मरण से ज़ादा दुःखदायक होती है ।

 
गतं न शोचन्ति मुद्रण ई-मेल

गतं न शोचन्ति महानुभावाः ।
सज्जन बीते हुए का शोक नहीं करते ।

 
सतां सद्भिः संगः मुद्रण ई-मेल

सतां सद्भिः संगः कथमपि हि पुण्येन भवति ।
सज्जन का सज्जन से सहवास बडे पुण्य से प्राप्त होता है ।

 
गुणायन्ते दोषाः मुद्रण ई-मेल

गुणायन्ते दोषाः सुजनवदने ।
सज्जन के मुख में दोष भी गुण बनते हैं ।

 
प्रारब्धमुत्तमजनाः मुद्रण ई-मेल

प्रारब्धमुत्तमजनाः न परित्यजन्ति ।
उत्तम लोग संकट आये तो भी शुरु किया हुआ काम नहीं छोडते ।

 
निर्गुणेष्वपि सत्वेषु मुद्रण ई-मेल

निर्गुणेष्वपि सत्वेषु दयां कुर्वन्ति साधवः ।
सज्जन गुणहीन प्राणी पर भी दया करते हैं ।

 
न्याय्यात् पथः प्रविचलन्ति मुद्रण ई-मेल

न्याय्यात् पथः प्रविचलन्ति पदं न धीराः ।
सज्जन न्याय के मार्ग में से एक कदम भी पीछे नहीं हटते ।

 
न हि कृतमुपकारं मुद्रण ई-मेल

न हि कृतमुपकारं साधवो वोस्मरन्ति ।
अपने पर किये उपकार को सज्जन नहीं भूलते ।

 
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